ई-कॉमर्स खबर

Amazon ने आने वाले त्योहार मौसम से पहले खोले छः नये फ़ुलफ़ुलमेंट केंद्र

भारत में त्योहार का सीज़न अभी भी 2-3 महीने दूर है, परंतु Amazon अभी से उसकी तैयारी में जुट गया है। कंपनी ने ई-कॉमर्स के लिये बहुत ही ऊंची डिमांड वाले समय में और अधिक विक्रेताओं को सपोर्ट करने के लिये और ऊंची डिमांड को पूरा करने के लिये छः नये फ़ुलफ़िलमेंट केंद्रों को लांच किया है।

कंपनी ने जयपुर, दिल्ली, मुंबई, चेन्नई और कॉम्बटोर में ये नये केंद्र लांच किये हैं। इन केंद्रों के ज़रिये ये और छोटे व मध्यम व्यापारों को Amazon Service द्वारा फ़ुलफ़िल करने की सेवा उपलब्ध कराना चाहते हैं।

लांच पर बयान देते हुए Amazon India में भारत उपभोक्ता फ़ुलफ़िलमेंट में वाइस प्रेज़िडेंट अखिल सक्सेना ने कहा:

“हम देश के उपभोक्ताओं को कम दामों में सेवा उपलब्ध कराने के लिये प्रयासरत हैं, जिसके तहत हम अपने विक्रेताओं को सक्षम बनाने हेतु अपनी फ़ुलफ़िलमेंट व लॉजिस्टिक्स क्षमता में निवेश करते रहेंगे। इससे देश में और भी निवेश कर के नियुक्तियां बढ़ाने, बढ़ंत और सरकार के लिये रेवेन्यू बढ़ाने के हमारे प्रयास को हम पुनः मज़बूत करेंगे।”

ये केंद्र प्रोडक्ट का जल्द डिलिवरी और आसान वापसी में भी सहायता करेंगे। इन 6 नये केंद्रों के साथ Amazon के पास भारत में 27 फ़ुलफ़िलमेंट केंद्र हो जाते हैं। ये केंद्र गुजरात, हरयाणा, कर्नाटक, महाराष्ट्र, दिल्ली, पंजाब, राजस्थान, तमिल नाड़ू, तेलंगाना और पश्चिम बंगाल राज्यों में हैं। ये सभी फ़ुलफ़िलमेंट केंद्र कुल 2.5 मिलियन स्क्वेयर फ़ीट में फैले हैं।

Amazon फ़ुलफ़िलमेंट केंद्र बड़े-बड़े वेयरहाउज़ होते हैं, जहां विक्रेता अपने प्रोडक्ट भेज सकते हैं। ये उन प्रोडक्टों को पैक कर के उपभोक्ताओं को Fulfilled by Amazon (FFA) सेवा के अंतर्गत डिसपैच करते हैं।

कंपनी का दावा है कि उनके मंच के करीब 80% से ऊपर विक्रेता इस सेवा का प्रयोग करते हैं। इनके फ़ुलफ़िलमेंट केंद्रों के विशाल नेट्वर्क के कारण, Amazon के पास इसी समय शिप करने के लिये 1.3 मिलियन प्रोडक्ट उपलब्ध हैं।

भारत में Amazon बनाम बाकी सब

भारत मे फ़ुलफ़िलमेंट केंद्रों पर निवेश से तो ये स्पष्ट पता चलता है कि Amazon सच ही भारतीय ई-कॉमर्स से बहुत उम्मीदें लगाये हैं। उन्होंने पहले ही अपने भारतीय अंग में $5 बिलियन का निवेश करने का वादा किया हुआ है। इस वर्ष की शुरवात में जेफ़ बेज़ोस ने भारत में $3 बिलियन और का निवेश करने की बात कही थी।

और तो और हम यहां तक कह सकते हैं कि समय बहुत अनुकूल है और Amazon के हथौड़ा मारने के लिये लोहा भी गरम है। ये, क्योंकि करीब एक वर्ष से बिना किसी नये निवेश के बाद, Flipkart थोड़ा थकी हुई होगी।

भले ही Flipkart ने नये निवेश ढूंढ़ने की बात को नकार दिया हो, परंतु निवेशकों द्वारा इतने सारे वैल्युएशन मार्कडाउन और अंदरूनी परेशानियों के कारण चीज़ें उनके लिये आसान तो बिलकुल नहीं हैं।

वहीं बहतर उपभोक्ता सेवा और सैटिस्फ़ैक्शन के कारण, Amazon देश में बहुत ही प्रचलित हो गयी है। और वो भी भारत में देर से प्रवेश करने के बावजूद।

RedSeer Consulting के मुताबिक, Amazon ने पहले ही GMV शेयर में, Snapdeal को हरा कर Flipkart के बाद दूसरा स्थान हासिल कर लिया है। इन्होंने अपने व Flipkart के मध्य की दूरी भी बहुत कम कर ली है।

साल की पहली तिमाही में पिछले वष के 17-19% GMV के मुकाबले इस साल Amazon का बाज़ार शेयर मध्य 20यों में आ गया है। वहीं तिमाही में 35-37% के साथ, Flipkart वहीं की वहीं है।

Add Comment

Click here to post a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

यह साफ़ तरह से स्पष्ट हो गया है, की प्रौद्योगिकी विकास हमारी मानवता को पार कर चुका है |
अल्बर्ट आइंस्टीन