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राज्य में निवेश आकर्षित करने के लिये Google के प्रोजेक्ट Loon को गोआ देगा प्रथम प्रवेश

गोआ भले ही अपने ख़ूबसूरत समुद्र तटों और हरियाली के कारण एक गंतव्य के रूप में जाना जाता हो, परंतु गोआ की सरकार स्टार्टपों व IT कंपनियों को आकर्षित करने के लिये राज्य को एक IT हब में बदलने के प्रयास में है। इसी लिये सरकार ने Google भारत से प्रोजेक्ट Loon को गोआ लाने को लियो वार्ता शुरू करी है।

अगर आपको Google के प्रोजेकिट लून के बारे में जानकारी न हो तो हम बता दें कि ये – सभी के लिये इंटरनेट उपलब्ध कराने के लिये – एक शोध व विकास कार्यक्रम है, जो कि दुनिया के दूर दराज के क्षेत्रों व कोनों में इंटरनेट उपलब्ध कराने के लिये बनाया गया है। इस प्रोजेक्ट के अंतर्गत, Google के गरम हवा से चलने वाले गुब्बारे स्ट्रैटोस्फ़ियर में धरती की सतह से 20 किलोमीटर ऊपर घूमेंगे और 4G (LTE) साझेदारों की सहायता से सभी को इंटरनेट उपलब्ध करायेंगे। ये गुब्बारा सॉफ़्टवेयर ऐल्गॉरिदम के प्रयोग से अपना रास्ता निश्चित करता है और सही दिशा में जाने के लिये गोआ की दिशा का प्रयोग करता है। IT डिपार्टमेंट के निदेशक अमेय अभ्यंकर ने ET को बताया:

हां हम Project Loon के संदर्भ में Google से वार्ता कर रहे हैं। क्योंकि ये वार्ता अभी भी चल ही रही है तो इसपर बयान देना उचित नहीं होगा, परंतु ये कहना सुरक्षित होगा कि Google और हमारे (गोआ की सरकार के) बीच वार्ता का पैलेट और बड़ा है तो संभावना है कि कुछ सप्ताहों में ही कुछ अच्छा निकल आये।

जैसा कि हमने पहले बताया, Google भारतीय टेलेकॉम कंपनियों के साथ भारत में सेल्युलर स्पेक्ट्रम बांटने के लिये बात कर रही है, जिससे उपभोगता अपने स्मार्टफ़ोन से इसका का प्रयोग कर इनके गुब्बारे से जुड़ सकें। Google पहले से ही BSNL जैसी स्थानीय टेलेकॉम कंपनियों से उनका बैंडविथ प्रयोग करने और भारतीय जनता के बीच स्वीकारिता प्राप्त करने के लिये बात कर रही है। इससे पहले कि Google गोआ में अपने प्रोजेक्ट लून का परीक्षण कर सके, इन्हें कई नियंत्रक नियमों से भी निपटना पड़ेगा।

ET के कई करीबी सूत्रों ने ये भी बताया कि क्योंकि अधिकतम उपभोगता इससे जुड़ने के लिये अपने स्मार्टफ़ोनों का प्रयोग करेंगे, तो सिग्नल को गुब्बारे से पास कर टेलेकॉम ऑपरेटर के पास भेज दिया जायोगा। सरकार ने, Google के इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट के लिये सुरक्षा से संबंधित आपत्तियां भी जतायी हैं।

टेलेकॉम इंडस्ट्री के ऊंचे पदों वाले लोगों ने कहा कि ये सिविल उड़ान इंडस्ट्री और मिलिट्री के लिये लाल झंडे उठायेगा। Mountain View आधारित कंपनी ने पहले ही न्यूज़ीलैंड, कैलिफ़ोर्निया और ब्राज़ील जैसे स्थानों समेत अनेक देशों में विशाल इंटरनेट गुब्बारों का परीक्षण कर रखा है। कम्युनिकेशन्स का युनियन मंत्रालय और IT मंत्रालय Google को अपना प्रोजेक्ट Loon आंध्र प्रदेश या महाराष्ट्र में परीक्षित करने के लिये चार दिन का समय दे सकती है।

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यह साफ़ तरह से स्पष्ट हो गया है, की प्रौद्योगिकी विकास हमारी मानवता को पार कर चुका है |
अल्बर्ट आइंस्टीन